Tuesday, December 22, 2009

अफ़साने मुहब्बत के

मुहब्बत के अफ़साने बनते रहेंगे
दिलों के ये क़िस्से युं चलते रहेंगे

न दिल वाले बदले न बदला ज़माना
ख़िलाफ़त हमेशा ये करते रहेंगे

कोई चाहे कितनी भी ताक़त दिखाये
दिये पर मुहब्बत के जलते रहेंगे

वो जिनके मुक़द्दर में होगी न उल्फ़त
तो समझो कि वो युं ही मरते रहेंगे

मगर जिन दिलों में मुहब्बत की ख़ुशबू
क़दम उनके मंज़िल को उठते रहेंगे

इश्क़ इक प्यारी सी रहमत ख़ुदा की
ये संग हो तो हम आगे बढ़ते रहेंगे

बता दे हमें ज़ुल्म कब तक युं निर्मल
मुहब्बत के दीवाने सहते रहेंगे

3 comments:

  1. इश्क़ इक प्यारी सी रहमत ख़ुदा की
    ये संग हो तो हम आगे बढ़ते रहेंगे
    वाकई इश्क बहुत प्यारी शै है.

    ReplyDelete
  2. इश्क़ इक प्यारी सी रहमत ख़ुदा की
    ये संग हो तो हम आगे बढ़ते रहेंगे

    Waah bahut khub.

    ReplyDelete